बार एसोसिएशन में फूलों की होली, अधिवक्ताओं ने डीएम-डीसीपी को पहनाई टोपी
ग्रेटर नोएडा। जनपद दीवानी एवं फौजदारी बार एसोसिएशन गौतमबुद्धनगर में बुधवार को होली मिलन समारोह धूमधाम से मनाया गया। अधिवक्ताओं ने जिला जज से लेकर डीएम और डीसीपी तक को होली की टोपी पहनाई और फूलों व गुलाल से होली खेली। पूरे कार्यक्रम के दौरान रंग और उमंग की बौछार होती रही, और सभी ने मिलकर कहा—”बुरा ना मानो, होली है!”
गुलाल और गीतों के बीच झूमे अधिवक्ता
बार एसोसिएशन सभागार में आयोजित इस समारोह में जिला जज अविनाश सक्सेना मुख्य अतिथि रहे, जबकि प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय बुद्धी सागर, डीएम मनीश वर्मा और डीसीपी शक्ति मोहन अवस्थी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता बार एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रमेंद्र भाटी एडवोकेट ने की, जबकि संचालन सचिव अजीत नागर एडवोकेट ने किया।
कार्यक्रम की शुरुआत में अध्यक्ष प्रमेंद्र भाटी ने जिला जज, प्रधान न्यायाधीश, डीएम और डीसीपी को होली की टोपी पहनाकर परंपरागत अंदाज में स्वागत किया। इसके बाद अधिवक्ताओं ने कविताओं, गीतों और होली की धुनों पर झूमते हुए एक-दूसरे को गुलाल लगाया और फूल बरसाए।
“होली का त्योहार प्रेम और भाईचारे का संदेश देता है”
इस अवसर पर जिला जज अविनाश सक्सेना ने कहा, “होली प्रेम और सौहार्द का प्रतीक है। यह हमें अपने मतभेद भुलाकर एकता के रंग में रंगने का संदेश देता है।”
डीएम मनीश वर्मा और डीसीपी शक्ति मोहन अवस्थी ने भी सभी अधिवक्ताओं को होली की शुभकामनाएं दीं। डीएम वर्मा ने कहा, “रंगों का यह पावन पर्व हमें प्रेम और भाईचारे से जीने की सीख देता है, इसे उल्लास और सौहार्द से मनाना चाहिए।”
अधिवक्ताओं की बड़ी संख्या में उपस्थिति
कार्यक्रम में अपर जिला जज प्रतीक्षा नागर, विकास नागर, संजय सिंह, विजय कुमार, हिमांशु कुमार, चंद्र मोहन श्रीवास्तव, राजेश मिश्रा, प्रियंका सिंह, सौरभ द्विवेदी, ऋचा उपाध्याय, न्यायिक मजिस्ट्रेट दिव्यकांत राठौड़, अर्पिता सिंह, नूपुर श्रीवास्तव, प्रभात कुमार समेत न्यायिक अधिकारी और अधिवक्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
इसके अलावा रेशराम चौधरी, इंद्रवीर भाटी, श्याम सिंह भाटी, अजीत भाटी, प्रमोद शर्मा, सरदार बंसल, राजकुमार गौतम, विशाल नागर, नीरज भाटी, कपिल शर्मा, सुशील शर्मा, अरुण नागर, चरण सिंह भाटी, ब्रिजेश त्यागी, शिवा त्यागी, अंकुश शर्मा, दीपक भाटी, के.के. भाटी, सचिन भाटी, नितिन कपाशिया समेत कई अधिवक्ता शामिल हुए और फूलों की होली का आनंद लिया।
कार्यक्रम का समापन सभी अधिवक्ताओं द्वारा “बुरा ना मानो, होली है!” के उद्घोष के साथ हुआ।
