गौतमबुद्ध नगर- बुलन्दशहर: मायावती बोलीं-बीजेपी ने सरकारी एजेंसियों का राजनीतिकरण किया
बसपा सुप्रीम मायावती ने भाजपा पर जोरदार निशाना साधा। मायावती ने कहा, इस बार बीजेपी का नाटक, जुमलेबाजी और गारंटी काम आने वाली नहीं है। इन लोगों ने सरकारी जांच एजेंसियों का राजनीतिकरण कर दिया। उन्होंने कहा, हमारी पार्टी किसी भी विरोधी पार्टी के गठबंधन के साथ नहीं बल्कि अपने बलबूते पर लड़ रही है। हमने टिकट बंटवारे में सर्व समाज का ध्यान रखा। ये बातें मायावती ने बुलंदशहर में जनसभा को संबोधित करते हुए कही। वह यहां बसपा प्रत्याशी के लिए वोट मांगने पहुंची थी।
वोट बंटने का फायदा बीजेपी ने उठाया
उन्होंने कहा, आप लोगों को मालूम है कि हमने गौतमबुद्ध नगर लोकसभा की सीट से इस बार राजेंद्र सिंह सोलंकी को चुनाव के मैदान में उतारा है। आप लोगों को ये लगता होगा कि से हर बार गुर्जर समाज से बीएसपी चुनाव लड़ाती रही है। लेकिन इस बार गुर्जर समाज को टिकट न देकर ठाकुर समाज से दिया। ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि यहां पर हमने पिछले कई लोकसभा चुनाव में गुर्जर समाज के लोगों को दिया।
वहीं दूसरी पार्टी से भी गुर्जर समाज के लोगों की टिकट दिया जाता है। जिससे वोट बंटता है जिसका बीजेपी ने फायदा उठाया। यही कारण है कि बीजेपी चुनाव जीतती रही। बीजेपी पार्टी न जीते इसलिए हमने क्षत्रीय समाज के उम्मीदवार को खड़ा किया। मै यहां ये भी कहूंगी कि गुर्जर समाज के लोगों को नहीं लगना चाहिए कि उनकी उपेक्षा हो रही है। गुर्जर समाज से हमने बागपत सीट से टिकट दिया। इसलिए मैं बता रही थी कि बीएसपी ने सर्व समाज के लोगों को भागीदारी दी है। जनसभा में भीड़ को देखते हुए कि प्रदेश से बीएसपी को बेहतर रिजल्ट लाएंगे।
गलत कार्यप्रणाली के चलते कांग्रेस को केंद्र की सत्ता से बाहर होना पड़ा
उन्होंने कहा कि आजादी के बाद देश के काफी राज्यों में सत्ता कांग्रेस पार्टी के हाथों में रही। लेकिन गलत कार्यप्रणाली के चलते केंद्र की सत्ता से बाहर होना पड़ा। यही स्थित इनकी सहयोगी पार्टी की रही है। यही स्थित अब बीजेपी हो रही है। इनकी कथनी और करनी में अंतर है। इस बार बीजेपी भी केंद्र की सत्ता में आसानी से वापस आने वाली नहीं है। बशर्ते ये चुनाव में ईवीएम मशीनों में गड़बड़ी नहीं की जाती तो। इनका नाटक जुमलेबाजी और गारंटी काम आने वाली नहीं है। इनकी पार्टी ने देश के गरीबों, कमजोर तबक़ा अन्य मेहनत कश लोगों को असंख्य वायदे किए जो हवा हवाई रहे। उनका जमीनी हकीकत में एक चौथाई काम भी नहीं किया गया।
ये चेहतों पूंजी पतियों को धनवान बनाने में लगे रहे। जिसका खुलासा इलेक्टोलर बॉन्ड से होता दिखा। बीजेपी भी तमाम जांच एजेंसियों का राजनीतिकरण कर दिया है। गौतमबुद्ध नगर में डेवलेपमेंट के नाम पर किसानों की ओने पौने दाम पर जमीन ली जाती है। लेकिन मुआवजा नहीं मिलता। किसान आंदोलन करते रहते है। जब मेरे नेतृत्व में सरकार बनी किसानों को उचित मुआवजा दिया। यूपी में चार बार हमारी पार्टी की सरकारें ने हर स्तर पर विशेष ध्यान दिया है। पूर्व की कांग्रेस की सरकार और अब भाजपा की सांप्रदायिक और पूंजी-वादी सोच ने पिछड़े वर्ग, मुस्लिम और अल्प संख्यक का विकास नहीं हो सका है।
