केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में अंतरिम बजट किया पेश
आज केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में अंतरिम बजट पेश किया। वित्तमंत्री ने इस दौरान बताया कि वित्त मंत्रालय ने अंतरिम बजट की परंपरा को बनाए रखा है। हालांकि, सरकार इस बार के अंतरिम बजट में किसी भी तरह के लोक लुभावन वादों से बचती दिखाई दी है। ऐसी किसी भी प्रकार की कोई घोषणा नहीं हुई है, जिससे सरकार किसी भी आर्थिक मोर्चे पे घिरी हुई नजर आए। यही कारण है कि मोदी सरकार 2.0 के कार्यकाल में वित्तमंत्री ने ऐसी घोषणाओं से किनारा ही किया है। ऐसे में पीएम मोदी ने इस अंतरिम बजट पर अपनी राय दी है।
पीएम मोदी ने कहा कि वित्त मंत्री द्वारा पेश अंतरिम बजट देश के निर्माण में योगदान देने वाला है। ये अंतरिम आम बजट समावेशी और नवोन्मेषी है। पीएम मोदी ने कहा कि यह अंतरिम बजट विकसित भारत के चार स्तंभों युवा, गरीब, महिला और किसान को मजबूत करेगा। बताते चलें कि बजट पेश होने के बाद प्रधानमंत्री ने एक वीडियो संदेश जारी किया। पीएम मोदी ने कहा कि आज का बजट 2047 के विकसित भारत की नींव को मजबूत करने वाला है। आज का बजट इस बात की गारंटी है कि 2047 में भारत एक मजबूत राष्ट्र के तौर पर उभरेगा। यह बजट देश के विकास की निरंतरता का प्रतीक है। यह देश के भविष्य के निर्माण का बजट है। पीएम मोदी ने वित्त मंत्री और उनकी पूरी टीम को बधाई भी दी।
पीएम मोदी ने कहा कि आज पेश हुए बजट में युवा भारत की युवा आकांक्षाओं की परछाई दिखती है। इस बजट में दो महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। आज के बजट में स्टार्टअप को टैक्स में छूट के दायरे को बढ़ाने पर भी विचार किया गया है।
सरकार शोध और नवाचार पर 1 लाख करोड़ का फंड बनाने की घोषणा की गई है। इसमें राजकोषीय घाटे को नियंत्रण में रखते हुए पूंजीगत व्यय को 11 लाख 11 हजार 111 करोड़ रुपये की ऐतिहासिक ऊंचाई दी गई है।’
पीएम मोदी ने बजट पर राय रखते हुए कहा कि आज का बजट किसानों के लिए भी हितकारी है। बजट में किसानों के लिए बहुत महत्वपूर्ण और बड़े निर्णय लिए गए हैं। NANO DAP का उपयोग, पशुओं के लिए नई योजनाएं, PM मत्स्य संपदा योजना के विस्तार और आत्मनिर्भर ऑयल सीड अभियान से किसानों की आय बढ़ेगी और खर्च कम होगा।
आज के पेश हुए बजट पर पीएम मोदी ने बोलते हुए कहा कि सरकार ने गरीबों के लिए गांव और शहरों में कुल मिलाकर 4 करोड़ से अधिक घर बनाए हैं। सरकार ने दो करोड़ और नए घर बनाने का लक्ष्य रखा है। हमने पहले दो करोड़ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा था। अब सरकार ने इसे बढ़ाकर 3 करोड़ का लक्ष्य कर दिया गया है।
