पटाखा विक्रेताओं को करोड़ों का नुकसान, एडवांस देकर पटाखे करा चुके हैं बुक
नोएडा। सुप्रीम कोर्ट द्वारा एनसीआर में पटाखों की बिक्री पर रोक लगाये जाने से पटाखा विक्रेताओं की मुसीबतें बढ़ गयी हैं। बेहतर मुनाफे के लालच में पटाखों की खरीद में लाखों रूपए लगाने वाले दुकानदार मायूस दिख रहे हैं। कोर्ट के आदेश के बाद नोएडा के ही करीब एक हजार पटाखा विक्रेताओं को करोड़ों रूपए का नुकसान हुआ है।
दीपावली पर पटाखें की दुकान लगाने के लिए लाइसेंस लेने के लिए करीब 11 सौ दुकानदारों ने आवेदन किया था। प्रशासन द्वारा इस बार नोएडा में पटाखों की बिक्री के लिए नोएडा में 50 दुकानें तथा भंगेल में 18 दुकानें आवंटित करने की योजना थी। हालांकि पूर्व में नोएडा में सौ दुकानें तथा भंगेल में 50 दुकानें लगती थी। इसके अलावा जगह-जगह चोरी-छिपे पटाखों की बिक्री होती थी। कोर्ट के आदेश के बाद अब पटाखा विक्रेता खासे मायूस दिख रहे हैं। नया बांस निवासी रामकुमार ने बताया कि अच्छे मुनाफे के लालच में दुकानदार दो-तीन महीने पहले ही पटाखों की एडवांस में बुकिंग करा लेते हैं। जिस दुकानदार के पास पटाखें रखने की जगह होती है। वह अपना माल थोक विके्रता के यहां से उठा लेता है जिनके पास माल रखने की जगह नहीं होती उनका माल थोक विक्रेता के गोदाम में ही रखा रहता है। दुकानदार दीपावली के दो-दिन पूर्व ही माल को वहां से लेकर आते हैं और यहां बेंचते हैं।
दुकानदार जतिन चैधरी ने बताया कि प्रत्येक दुकानदार दो से पांच लाख रूपए का माल थोक विक्रेताओं से खरीददता है। ऐसे में नोएडा में ही सैकड़ों दुकानदारों को करोड़ों रूपए का नुकसान कोर्ट के आदेश के बाद हुआ है। हालांकि कुछ दुकानदार अभी भी इसका हल निकलने की उम्मीद लगाये हुए बैठे हैं। वहीं ऐसे दुकानदार खासे परेशान दिख रहे हैं जिन्होंने पटाखों का भंडारण कर लिया है। कोर्ट के आदेश के बाद अब पटाखे बिक नहीं सकते और नियमानुसार बिना लाइसेंस के पटाखों का भंडारण भी अपराध की श्रेणी में आता है।
