जिन्ना पर गरमाई सियासत : अखिलेश के बयान पर बवाल, योगी बोले- पटेल की तुलना जिन्ना से करना तालिबानी मानसिकता
अखिलेश यादव ने रविवार को हरदोई में महात्मा गांधी, जवाहर लाल नेहरू व सरदार वल्लभ भाई पटेल के साथ मोहम्मद अली जिन्ना को भी आजादी का नायक बताया था। इसके बाद से भाजपा ने अखिलेश की घेराबंदी शुरू कर दी है। सीएम योगी ने सोमवार को मुरादाबाद में जिन्ना मामले को लेकर अखिलेश पर तगड़ा हमला बोला। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अखिलेश पर निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सपा मुखिया अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा सरदार वल्लभ भाई पटेल से जिन्ना की तुलना करना तालिबानी मानसिकता है। सपा की विभाजनकारी मानसिकता को जनता स्वीकार नहीं करेगी। अखिलेश यादव को देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए।
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि अखिलेश यादव को अगर अखिलेश अली जिन्ना कहा जाए तो कुछ अंतर नहीं होगा। उनकी पार्टी समाजवादी पार्टी नहीं बल्कि नमाजवादी पार्टी है। अखिलेश यादव ने जिन्ना का नाम लेकर देश के विभाजन के समय बलिदान देेने वाले करोड़ों लोगों का अपमान किया है। तुष्टिकरण की घटिया राजनीति से सरदार पटेल का भी अपमान किया है। सरदार पटेल और जिन्ना एक ही विद्यालय में पढ़े। लेकिन जिन्ना ने देश का विभाजन कराया जबकि सरदार पटेल ने देश को एक सूत्र में पिरोने का काम किया। 2022 के चुनाव में सपा की हालत 2017 से भी बुरी होगी। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि सपा आतंकियों और देशद्रोहियों की सरपरस्त है। अखिलेश यादव नेसरदार पटेल की तुलना जिन्ना से कर देश और राष्ट्रीयता का अपमान किया है। अखिलेश के बयान से साफ जाहिर है कि वह देशद्रोहियों और देश तोड़ने वालों के साथ खड़े हैं।
