कैबिनेट का फैसला: प्ले स्कूल की तर्ज पर सभी सरकारी विद्यालयों में खुलेंगी बाल वाटिका

नई दिल्ली। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) के अनुरूप स्कूली शिक्षा को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने और उसके बुनियादी ढांचे को मजबूती देने के लिए केंद्र सरकार ने बुधवार को कई अहम फैसले किए। इसके तहत अगले पांच साल में स्कूली शिक्षा पर करीब तीन लाख करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे, जो केंद्र और राज्य दोनों मिलकर उठाएंगे। सभी सरकारी स्कूलों में प्ले स्कूल की तर्ज पर बाल वाटिका खुलेंगी। यहां तीन साल से अधिक उम्र के बच्चों को खिलौनों पर आधारित शिक्षा दी जाएगी। वहीं, अगले दो सालों में देश के सभी स्कूलों को डिजिटल बोर्ड सहित दूसरे अत्याधुनिक संसाधनों से भी लैस किया जाएगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुआई में बुधवार को हुई आर्थिक मामलों की कैबिनेट कमेटी की बैठक में लिए गए फैसलों के बारे में जानकारी देते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप स्कूली शिक्षा को नई ऊंचाई देने के लिए समग्र शिक्षा योजना को नए स्वरूप में लांच किया गया है। यह योजना एक अप्रैल, 2021 से लागू मानी जाएगी और 31 मार्च, 2026 तक प्रभावी रहेगी।

उन्होंने कहा कि योजना के स्वरूप में बदलाव से स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता में और सुधार आएगा। साथ ही स्कूलों के बुनियादी ढांचे के भी मजबूती दी जाएगी। अब तक इस योजना के तहत स्कूलों पर सालाना औसतन करीब 31 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जाते थे, जो रकम बढ़कर अब करीब 40 हजार करोड़ रुपये हो गई है। प्रधान ने कहा कि सभी सरकारी स्कूलों में भी अब प्ले स्कूल की तर्ज पर बाल वाटिका खुलेंगी। फिलहाल अभी 1.84 लाख स्कूलों से इसकी शुरुआत की जा रही है। बाकी के स्कूलों को अभी आंगनबाड़ी से जोड़ा गया है।

योजना के बदले स्वरूप में और क्या

– दूर-दराज के क्षेत्रों से स्कूल आने वाले बच्चों को सालाना छह हजार रुपये का ट्रांसपोर्ट भत्ता दिया जाएगा। इसके दायरे में फिलहाल सेकेंडरी तक के बच्चे होंगे, जहां स्कूल नहीं है

– प्रत्येक स्कूली बच्चे को अब साल में 10 घंटे का एक इंटर्नशिप कोर्स भी करना होगा। इसमें बच्चे की रुचि के मुताबिक किसी स्किल सेंटर या बढ़ई, पेंटर आदि से रूबरू कराया जाएगा

रानी लक्ष्मीबाई आत्म रक्षा प्रशिक्षण में लड़कियों को छठवीं से सेल्फ डिफेंस का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके लिए स्कूलों को हर महीने पांच हजार रुपये दिए जाएंगे

– सभी बालिका छात्रावासों में सेनेटरी पैड वेंडिंग मशीन भी लगाई जाएगी

– राष्ट्रीय स्तर पर किसी खेल में यदि किसी स्कूल के दो बच्चे चयनित होते है, तो उससे 25 हजार रुपये ज्यादा वित्तीय मदद दी जाएगी

-फैसले की अहम बातें

– ‘समग्र शिक्षा योजना’ को पांच साल और जारी रखने पर लगी मुहर

– सभी कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों को 12वीं तक किया जाएगा

– मौजूदा सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में स्ट्रीम के बजाय नए विषय जोड़े जाएंगे

 

यह भी देखे:-

प्राधिकरण के अधिकारियों को नेफोमा टीम ने कराया डार्क स्पॉट का सर्वे ।
Upcoming Web Series and Films: अभिषेक बच्चन की 'द बिग बुल' समेत इस हफ़्ते आएंगी ये फ़िल्में और वेब स...
अवैध शराब बनाने की भट्टी का भंडाफोड़, दो गिरफ्तार 
आईकॉन इंडिया स्पोर्ट्स टेनिस कप 2022 का आयोजन
क्रिकेटर हार्दिक पांड्या का यादगार उपहार नीलाम करेंगे शिवम ठाकुर अंतरष्ट्रीय खिलाडी, जरुरतमंदों की क...
अखिल भारतीय ईंट व टाइल्स निर्माता संघ के राष्ट्रीय महामंत्री बने एडवोकेट ओमवीर सिंह
#RespectPractitioners:ये डॉक्टर-झोला छाप..
Tokyo Olympics 2020 : PV Sindhu ने सेमीफाइनल में बनाई जगह, पदक के करीब पहुंचीं
सागर हत्याकांड : फ्लैट के किराए को लेकर था सुशील का झगड़ा, गिरफ्तारी पर सवाल 
प्रदेश की बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर सपाईयों ने दिया डीएम को ज्ञापन
दर्दनाक : यमुना एक्सप्रेस वे पर हुए सड़क हादसे में दो की मौत
ग्रेटर नोएडा; यूपी सरकार के 4 वर्ष पूरे होने पर गौतम बुद्ध विश्विद्यालय मे हुआ कार्यक्रम, जानें क्या...
Weather updates: मानसून की प्रगति दिल्ली, पश्चिमी यूपी, हरियाणा और पंजाब में धीमी
कोरोना महामारी में दिखा योग का पावर: वाई के गुप्ता
दवाओं के साथ आपके फेफड़ों की मजबूती भी है जरूरी:-डॉ अजय (फिजियोथेरपिस्ट्)
बिहार में आज से अनलॉक-5, स्कूल और कोचिंग संस्थानों के साथ इन जगहों पर लौटी रौनक