भारत-अमेरिका के बीच बढ़ेगा सैन्य इंगेजमेंट, कई समझौतों पर दोनों रक्षा मंत्रियों की बातचीत
अमेरिकी रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टीन भारत के तीन दिन के दौरे पर हैं। अमेरिकी रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बीच विज्ञान भवन में प्रतिनिधि मंडल स्तर की वार्ता हुई। जिसमें दोनों मंत्री संयुक्त रूप से थोड़ी देर में एक संयुक्त बयान जारी करेंगे। ऑस्टीन से वार्ता को खत्म करने के बाद राजनाथ सिंह ने कहा कि उन्होंने सैन्य संधि का विस्तार करने पर ध्यान केंद्रित किया है, इसको लेकर दोनों देशों के रक्षा मंत्री एक संयुक्त बयान जारी करने वाले हैं।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और उनके अमेरिकी समकक्ष लॉयड ऑस्टिन ने शनिवार को विस्तृत वार्ता की, जिसमें द्विपक्षीय रणनीतिक सबंधों को और विस्तार देने, हिंद-प्रशांत क्षेत्र में बदलती स्थिति और आतंकवाद की चुनौती जैसे विषयों पर मुख्य रूप से चर्चा की गई। ऑस्टिन तीन देशों की यात्रा के कार्यक्रम के तहत जापान और दक्षिण कोरिया की यात्रा के बाद भारत आए हैं। इस यात्रा को अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन की क्षेत्र में अपने निकट सहयोगियों एवं साझेदारों के साथ संबंधों को लेकर मजबूत प्रतिबद्धता दर्शाने की कोशिश के तहत देखा जा रहा है।
विज्ञान भवन में हो रही वार्ता के दौरान ऑस्टीन ने कहा तेजी से बदलते अंतरराष्ट्रीय ढर्रे के बीच भारत एक महत्वपूर्ण भागीदार है। मैं इंडो-पैसिफिक क्षेत्र के लिए हमारे दृष्टिकोण के एक केंद्रीय स्तंभ के रूप में भारत के साथ रक्षा साझेदारी के लिए अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि करता हूं। उन्होंने कहा, “हमारा संबंध स्वतंत्र और खुले भारत-प्रशांत क्षेत्र का एक गढ़ है।
Our relationship is a stronghold of free & open Indo-Pacific region. PM Modi stated India stands for freedom of navigation & freedom of overflight, unimpeded lawful commerce in adherence to international law. This reaffirms our shared vision for regional security: US Defence Secy pic.twitter.com/tJCByrAa5E
— ANI (@ANI) March 20, 2021
ऑस्टिन शनिवार सुबह राष्ट्रीय समर स्मारक गए और भारत के शहीदों को श्रद्धांजलि दी। वार्ता से पहले उन्हें विज्ञान भवन परिसर में सलामी गारद दिया गया ऑस्टिन ने शुक्रवार को दिल्ली पहुंचने के कुछ घंटे बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल से वार्ता की।
ऑस्टिन ने ट्वीट किया, ”यहां भारत में आकर रोमांचित हूं। दोनों देशों के बीच सहयोग की गहराई हमारी व्यापक रक्षा साझेदारी के महत्व को दर्शाती है और हम हिंद-प्रशांत क्षेत्र के सामने आने वाली चुनौतियों पर मिलकर काम कर रहे हैं। ऑस्टिन की यात्रा संबंधी जानकारी रखने वाले अधिकारियों ने बताया कि तीन अरब डॉलर से अधिक (अनुमानित) की लागत से अमेरिका से करीब 30 ‘मल्टी-मिशन सशस्त्र प्रीडेटर ड्रोन खरीदने की भारत की योजना पर भी ऑस्टिन और सिंह के बीच चर्चा होने की उम्मीद है।
क्वाड समूह की बैठक में हिंद-प्रशांत क्षेत्र में आपसी सहयोग बढ़ाने का संकल्प लेने के कुछ दिनों बाद अमेरिकी रक्षा मंत्री की भारत की यात्रा हो रही है। चार देशों के इस समूह में भारत, अमेरिका, जापान और आस्ट्रेलिया शामिल हैं।
