एमिटी यूनिवर्सिटी ग्रेनो कैंपस में इनोवेशन इन साइंस इंजीनियरिंग टेक्नोलॉजी – मैनेजमेंट अंतराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस

ग्रेटर नोएडा : एमिटी यूनिवर्सिटी ग्रेटर नोएडा कैंपस में आज अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस रीसेंट इनोवेशन इन साइंस इंजीनियरिंग टेक्नोलॉजी – मैनेजमेंट का आरम्भ हुआ। इस कॉन्फ्रेंस में साइंस, इंजीनियरिंग, टेक्नोलॉजी और मैनेजमेंट से सम्बंधित शोध पत्र प्रस्तुत किये गए । यह कॉन्फ्रेंस एमिटी स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के द्वारा कराई जा रही है। इस अवसर पर देश-विदेश के अनेकों शिक्षाविद, पूर्व वाइस चांसलर, शोधार्थी उपस्थित थे जिसमें ग्लाइकोल इंडिया लिमिटेड के प्रेजिडेंट एवं एपीजे टेक्निकल यूनिवर्सिटी के पूर्व वाईस चांसलर आर.के खाण्डाल, यूपी टेक्निकल इंस्टीट्यूशन फाउंडेशन के महासचिव एवं रेलवे बोर्ड के सदस्य डॉ.अतुल जैन मुख्य रहे ।

कार्यक्रम का शुभारम्भ एमिटी के ग्रुप वाईस चांसलर एवं महानिदेशक प्रोफेसर गुरिंदर सिंह ने अपने सम्बोधन से किया। उन्होंने सभी अतिथियों का अभिवादन करते हुए कांफ्रेंस में देश-विदेश से आकर सम्मिलित होने तथा अपना बहुमूल्य समय देने के लिए आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि छात्र किताबी ज्ञान के साथ अपनी तार्किक क्षमताओं का उपयोग करें तो खुद के विकास के साथ देश का उत्थान भी हो सकता है।

वाईस प्रेजिडेंट ए.के चौधरी ने कहा कि टेक्नोलॉजी में नित हो रहे बदलावों का अगर समाज में सदुपयोग किया जाये तथा शिक्षण कार्य में नयी तकनीकों का उपयोग किया जाये तो आज बेरोजगारी की समस्या दूर की जा सकती है। उन्होंने बताया की एमिटीए इंडस्ट्री और एजुकेशन के बीच की इस खाई को पाटने की दिशा में कार्य कर रहा है।

कांफ्रेंस के मुख्य अतिथि डॉ. अतुल जैन ने कहा कि वैज्ञानिकों और शोध संस्थाओं को लोगों की समस्याओं के समाधान से जुड़े लक्ष्य निर्धारित करने होंगे और उद्योगों को विज्ञान की ओर आकर्षित करना होगा। शोध को समाज की जरूरतों के मुताबिक भी ढालना मौजूदा वक्त की जरूरत है। पूर्व वाईस चांसलर आर के खाण्डाल ने कहा कि लक्ष्य का स्पष्ट निर्धारण ही सफलता की कुंजी है।

टेक्नोलॉजी में शोध कार्य का महत्व बताते हुए कहा कि शोधार्थी अपने शोध कार्य का लक्ष्य सामाजिक समस्याओं के समाधान के लिए निश्चित करें।

संस्थान के डीन ब्रिगेडियर एच एस धानी ने सभी अतिथियों का धन्यवाद करते हुए आह्वान किया कि ऐसे कॉन्फ्रेंस हमें इंडस्ट्री एवं शोध संस्थानों में चल रहे नए कार्यो से अवगत कराते हैंए सभी संस्थानों को ऐसे कॉन्फ्रेंस का आयोजन करना चाहिए। डीन ऐकडेमिक प्रोफेसर जेण् एसण् जस्सी ने कहा कि तकनीकी में शोध का बहुत ही महत्व हैए उन्होंने कहा की आज सभी क्षेत्रो में शोध की अत्यंत आवश्यकता है। इस कॉन्फ्रेंस में 100 से अधिक शोध पत्र प्रस्तुत किये गए।

इस अवसर पर मुख्य रूप से संस्थान केए डीन स्टूडेंट वेलफेयर एवं कॉन्फ्रेंस के सेक्रेटरी प्रोफेसर ऐ.के सिंह, डॉ. अनीश गुप्ता, डॉ. एम.एल आज़ाद, डॉ. विमल बिभु सैकड़ो शिक्षक एवं शोधार्थी उपस्थित रहे.

यह भी देखे:-

ईशान आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज: नस्य चिकित्सा पर आयुर्वेद कार्यशाला
ओपन माइक फॉर आईडिया में अभिषेक रहे अव्वल
एनआईईटी में साइबर तकनीकी पर कार्यशाला का आयोजन
शारदा विश्वविधालय में आज "स्वच्छता ही सेवा" कार्यक्रम का विधिवत समापन
शिक्षण संस्थानों में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई वसंत पंचमी
गश्त कर रही पुलिस जिप्सी को कैंटर ने मारी टक्कर, पुलिसकर्मी घायल
आईआईएमटी कॉलेज के डिप्लोमा इंजीनिरयरिंग के छात्रों का चयन हुआ
एनआईईटी कॉलेज के छात्रों ने किया प्रदर्शन
Union Minister Hardeep Singh Puri launches book on WTO written by former Indian WTO negotiator Dr Mo...
41st ISPPD conference in ITS Dental College
देखें VIDEO, जी.एल. बजाज संस्थान ने धूम- धाम से मनाया 14 वां स्थापना दिवस, होनहार छात्र हुए सम्मानित
जी.एल.बजाज में सम्पन्न हुआ ए.के.टी.यू. द्वारा प्रायोजित फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम
UP BOARD RESULT : किसान परिवार की बेटी 12 th में बनी जिले की 4 th टॉपर : डॉक्टर बनकर देश की सेवा ...
जी.एल. बजाज में इन्टरप्रिन्योरशिप, इन्यूवेशन एण्ड इनोवेशन विषय पर फैकल्टी डेवलोपमेंट प्रोग्राम की शु...
सिटी हार्ट अकादमी में पी.एस. ए. द्वारा सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित
ग्लोबल एजुकेशनल इंस्टीट्यूशन्स मे रोजगार मेला