कैलाश अस्पताल में हृदय रोग के शुरुआती संकेतों और बचाव पर विशेषज्ञों ने की चर्चा
ग्रेटर नोएडा, 29 सितंबर। वर्ल्ड हार्ट डे 2026 के अवसर पर कैलाश अस्पताल, ग्रेटर नोएडा में हृदय रोग के शुरुआती संकेतों की पहचान और समय पर उपचार को लेकर राउंड टेबल मीट आयोजित की गई। “Don’t Miss a Beat: Are We Missing Early Signs of Heart Diseases?” थीम पर हुई चर्चा में कार्डियोलॉजी, इमरजेंसी मेडिसिन, इंटरनल मेडिसिन और न्यूट्रिशन के विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया।
विशेषज्ञों ने कहा कि सीने में दर्द, सांस फूलना, असामान्य थकान, चक्कर आना या शारीरिक गतिविधि के दौरान असहजता जैसे लक्षणों को केवल गैस, तनाव या सामान्य थकान मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। शुरुआती संकेतों को पहचानकर समय पर चिकित्सकीय सलाह लेना महत्वपूर्ण है।
कंसल्टेंट कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. सुनील कुमार मंडल ने कहा कि हृदय रोग के लक्षणों की गंभीरता को कई बार मरीज समझ नहीं पाते। उन्होंने कहा कि जागरूकता का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को अपने हृदय संबंधी जोखिमों को समझने और शरीर में असामान्य बदलाव महसूस होने पर समय पर चिकित्सकीय सलाह लेने के लिए जागरूक करना है।
डॉ. रितु सभरवाल, CCMO एवं DMS-इमरजेंसी मेडिसिन, ने कहा कि हृदय संबंधी आपात स्थिति में लक्षण शुरू होने और चिकित्सा सहायता मिलने के बीच का समय महत्वपूर्ण हो सकता है। सीने में दर्द, सांस लेने में परेशानी या अन्य गंभीर लक्षण होने पर घर पर इंतजार करने अथवा स्वयं उपचार करने के बजाय तत्काल चिकित्सा सहायता लेनी चाहिए।
राउंड टेबल मीट में डॉ. मनीष कुमार गोयल और डॉ. अंकुश गर्ग, कंसल्टेंट-इंटरनल मेडिसिन तथा डॉ. मेघा सिंह, चीफ डायटीशियन एवं न्यूट्रिशनिस्ट ने भी हिस्सा लिया। विशेषज्ञों ने हृदय स्वास्थ्य को लेकर बहु-विषयक दृष्टिकोण पर चर्चा की।
पैनल ने हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, कोलेस्ट्रॉल का असंतुलन, धूम्रपान, शारीरिक गतिविधि की कमी, अस्वास्थ्यकर खान-पान, मोटापा, तनाव और पारिवारिक इतिहास जैसे हृदय रोग से जुड़े जोखिम कारकों पर भी चर्चा की। विशेषज्ञों ने कहा कि जोखिम कारकों की पहचान, जीवनशैली में आवश्यक बदलाव, नियमित निगरानी और समय पर चिकित्सकीय परामर्श हृदय स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण हैं।
अस्पताल की ओर से बताया गया कि 14 अक्टूबर 2026 को नि:शुल्क कार्डियक कैंप आयोजित किया जाएगा। इसमें लोगों को विशेषज्ञ कार्डियक परामर्श और हृदय संबंधी जोखिमों को समझने का अवसर मिलेगा। जरूरत के अनुसार आगे की जांच और चिकित्सकीय मार्गदर्शन भी दिया जाएगा।
कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने वर्ल्ड हार्ट डे के संदेश को रेखांकित करते हुए कहा कि हृदय रोग के चेतावनी संकेतों को पहचानना, व्यक्तिगत जोखिम को समझना और समय पर चिकित्सा सहायता लेना हृदय स्वास्थ्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।
