पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट के निवासियों ने DCP व ADM से लगाई सुरक्षा की गुहार, पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना
डकैती की दो घटनाओं के बाद कम्युनिटी टीम ने सौंपा ज्ञापन, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की उठाई मांग
ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट सोसाइटी में 5 जुलाई की रात हुई दो बड़ी चोरी/डकैती की घटनाओं के बाद अब निवासी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सक्रिय हो गए हैं। पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट कम्युनिटी टीम के प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) शैलेन्द्र सिंह और अपर जिलाधिकारी (एडीएम) मंगलेश दूबे से मुलाकात कर सोसाइटी की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की मांग करते हुए विस्तृत ज्ञापन सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल ने हालिया घटनाओं का उल्लेख करते हुए प्रवेश-निकास व्यवस्था, सीसीटीवी निगरानी, सुरक्षा गार्डों की संख्या, रात्रि गश्त और अन्य सुरक्षा उपायों को प्रभावी बनाने की मांग रखी। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आधुनिक सुरक्षा तंत्र विकसित करने का सुझाव भी दिया।
एडीएम मंगलेश दूबे ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि नागरिकों की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
इसके बाद प्रतिनिधिमंडल ने डीसीपी शैलेन्द्र सिंह से मुलाकात कर हालिया घटनाओं के खुलासे में पुलिस की त्वरित कार्रवाई और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए आभार व्यक्त किया। बैठक में भविष्य की सुरक्षा व्यवस्था पर भी विस्तार से चर्चा हुई।
डीसीपी शैलेन्द्र सिंह ने कहा कि पुलिस और नागरिकों के बीच बेहतर समन्वय से अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है। उन्होंने निवासियों से सतर्क रहने, संदिग्ध गतिविधियों की तत्काल सूचना देने और पुलिस का सहयोग करने की अपील की। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सोसाइटी की सुरक्षा को लेकर हर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
कम्युनिटी टीम के वरिष्ठ सदस्य रिटायर्ड कमांडर उदल सिंह और सुन्दर सिंह ने कहा कि सोसाइटी के प्रत्येक निवासी की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने प्रशासन और पुलिस के साथ लगातार संवाद बनाए रखने तथा सुरक्षा संबंधी जानकारी समय-समय पर निवासियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
कम्युनिटी टीम के सदस्य अशोक चौधरी ने कहा कि उद्देश्य केवल पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाना नहीं, बल्कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए मजबूत सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करना भी है। वहीं एडवोकेट गौरव शर्मा ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इससे निवासियों का कानून व्यवस्था पर विश्वास और मजबूत हुआ है।
प्रतिनिधिमंडल में घटना से प्रभावित सी-126 निवासी अपर्णा राय, राजश्री बिष्ट, इंदु सोनी, रिटायर्ड कमांडर उदल सिंह, सुन्दर सिंह, प्रमोद अग्रवाल, एडवोकेट गौरव शर्मा, संदीप त्यागी और अशोक चौधरी सहित कई प्रमुख निवासी शामिल रहे। प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से सोसाइटी में आधुनिक तकनीक आधारित सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
