पश्चिम एशिया में बढ़ा संघर्ष, वैश्विक तनाव गहराया भारत में एलपीजी आपूर्ति सामान्य, पैनिक खरीदारी से बचने की अपील—कूटनीतिक मोर्चे पर राहत
नई दिल्ली, 5 अप्रैल 2026। पश्चिम एशिया में जारी तनाव और सैन्य गतिविधियों के बीच भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश में एलपीजी की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और नागरिकों से पैनिक खरीदारी से बचने की अपील की गई है। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि घरेलू गैस की उपलब्धता पर किसी प्रकार का असर नहीं पड़ेगा।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, एलपीजी सिलेंडरों की बुकिंग अब बड़े पैमाने पर डिजिटल माध्यमों से की जा रही है। वहीं डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (डीएसी) आधारित वितरण प्रणाली में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। फरवरी 2026 में जहां यह आंकड़ा 53 प्रतिशत था, वहीं अब बढ़कर 90 प्रतिशत तक पहुंच गया है, जिससे वितरण प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुरक्षित हो गई है।
इसके अलावा 5 किलोग्राम के एफटीएल (फ्री ट्रेड एलपीजी) सिलेंडर बिना पते के प्रमाण के भी आसानी से उपलब्ध कराए जा रहे हैं, ताकि आपात स्थिति में लोगों को किसी प्रकार की दिक्कत न हो। पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) कनेक्शन में भी तेजी देखी गई है। मार्च 2026 से अब तक 3.6 लाख से अधिक कनेक्शनों का गैसीकरण किया जा चुका है, जबकि 3.9 लाख से ज्यादा नए पंजीकरण हुए हैं।
विदेश मंत्रालय लगातार खाड़ी और पश्चिम एशिया क्षेत्र की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। मंत्रालय के अनुसार, सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं और पिछले 24 घंटों में भारतीय ध्वज वाले जहाजों से जुड़ी कोई अप्रिय घटना सामने नहीं आई है। वहीं 28 फरवरी से अब तक 7,02,000 से अधिक यात्री विभिन्न माध्यमों से भारत लौट चुके हैं।
इस बीच भारत के लिए कूटनीतिक स्तर पर एक और सकारात्मक खबर सामने आई है। ‘ग्रीन आशा’ नामक भारतीय जहाज सफलतापूर्वक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पार कर चुका है, जिसे भारत की कूटनीतिक सफलता के रूप में देखा जा रहा है। यह जलडमरूमध्य वैश्विक तेल आपूर्ति के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना जाता है।
दूसरी ओर, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। Donald Trump ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने मंगलवार को गंभीर हमलों की चेतावनी भी दी है। हालांकि Iran ने इस अल्टीमेटम को मानने से इंकार कर दिया है, जिससे हालात और अधिक जटिल होते नजर आ रहे हैं।
सूत्रों के अनुसार, पश्चिम एशिया में सैन्य टकराव तेज हो गया है। पिछले 24 घंटों में ईरान पर करीब 120 हमले किए जाने की खबर है। वहीं United States के एक एफ-15ई लड़ाकू विमान को भी निशाना बनाया गया। इस घटना में एक पायलट सुरक्षित बच निकला,
