सूरजपुर रामलीला में मिथिला प्रसंगों का भावपूर्ण मंचन, हज़ारों श्रद्धालु हुए भावविभोर
सूरजपुर: आदर्श रामलीला कमेटी सूरजपुर द्वारा आयोजित रामलीला के मंचन में गुरुवार को मिथिला प्रसंगों की भव्य प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। लीला का आरंभ राजा जनक द्वारा विश्वामित्र के स्वागत से हुआ, जिसके बाद नगर भ्रमण, पुष्पवाटिका में राम-जानकी मिलन, सीता स्वयंवर और लक्ष्मण-परशुराम संवाद जैसे प्रसंगों का सजीव मंचन किया गया।
पूर्व उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने मुख्य अतिथि के रूप में मंचन का अवलोकन किया और भगवान राम के आदर्शों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि राम का वनवास और भरत का त्याग भाईचारे और धर्म की पराकाष्ठा है। उन्होंने कहा कि रामलीला केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि जीवन मूल्यों की शिक्षा देने वाला मंच है।
रामलीला कमेटी के अध्यक्ष सतवीर सिंह भाटी ने बताया कि कलाकारों ने अपने अभिनय से दर्शकों का मन मोह लिया। महामंत्री ने जानकारी दी कि रामलीला के साथ चल रहे विजय महोत्सव मेले में शॉपिंग, मिठाई, कपड़े, खिलौने और झूले लोगों के आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। दर्शकों की सुविधा के लिए पार्किंग की विशेष व्यवस्था की गई है।
इस अवसर पर दादरी विधायक तेजपाल नागर, भाजपा जिलाध्यक्ष अभिषेक शर्मा, राजवीर भाटी, सुनील चावड़ा, धर्मपाल प्रधान, मूलचंद शर्मा, भूदेव शर्मा, लक्ष्मण सिंघल, रघुवीर, विनोद पंडित, सुभाष शर्मा, कर्मवीर आर्य, बिजेन्द्र मुद्गल, डॉक्टर ओमप्रकाश शर्मा, अनिल भाटी, भगत सिंह आर्य, सचिन जिन्दल, बीरपाल भगत सहित सैकड़ों कार्यकर्ता और हज़ारों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
निष्कर्ष:
सूरजपुर की रामलीला ने न केवल धार्मिक भावनाओं को जागृत किया, बल्कि सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक गौरव का भी संदेश दिया। मिथिला प्रसंगों की जीवंत प्रस्तुति ने दर्शकों को प्रभु श्रीराम और माता सीता के आदर्शों से जोड़ने का कार्य किया।
