बाढ़ से जूझते दिल्ली-एनसीआर में गुरुकुल फाउंडेशन की राहत पहल – 1000 से अधिक परिवारों को मिली मदद
नई दिल्ली, 6 सितंबर 2025
दिल्ली और एनसीआर में लगातार हो रही भारी बारिश और यमुना नदी के उफान ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। जलमग्न कॉलोनियाँ, टूटे सड़क संपर्क और राहत की धीमी गति ने हज़ारों परिवारों को संकट में डाल दिया है। विशेष रूप से बच्चे, बुज़ुर्ग और महिलाएँ इस आपदा के सबसे संवेदनशील शिकार बने हैं।
ऐसे कठिन समय में गुरुकुल फाउंडेशन ने ज़मीनी स्तर पर राहत कार्य की कमान संभाली है। संस्था के स्वयंसेवकों ने अब तक 1000 से अधिक प्रभावित परिवारों तक राहत सामग्री पहुँचाई है, जिसमें राशन किट, आटा, चावल, दाल, दूध, ब्रेड, स्वच्छ पेयजल और आवश्यक दवाइयाँ शामिल हैं। राहत शिविरों में रह रहे लोगों को भी नियमित रूप से सहायता दी जा रही है।
अध्यक्ष का संकल्प
गुरुकुल फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ. गौरव तिवारी ने इस अभियान को “मानवता की परीक्षा” करार देते हुए कहा:
“हमारा उद्देश्य है कि कोई भी भूखा न सोए। यह समय सेवा का है, और हमारे स्वयंसेवक दिन-रात इसी संकल्प के साथ काम कर रहे हैं।”
उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले दिनों में चिकित्सा सहायता और स्वच्छता सामग्री का वितरण और तेज़ किया जाएगा।
सेवा की परंपरा
गुरुकुल फाउंडेशन की समाज सेवा की परंपरा नई नहीं है। संस्था ने पूर्व में महाकुंभ, छठ पूजा और अन्य धार्मिक-सामाजिक अवसरों पर लाखों ज़रूरतमंदों को भोजन, वस्त्र और आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई है। इस बार भी संस्था ने स्पष्ट किया है कि राहत कार्य तब तक जारी रहेगा जब तक हालात सामान्य नहीं हो जाते।
स्थानीय प्रतिक्रिया
स्थानीय निवासियों ने गुरुकुल फाउंडेशन की इस पहल को “मुसीबत की घड़ी में मानवता की सच्ची सेवा” बताया। कई लाभार्थियों ने बताया कि उन्हें न केवल भोजन मिला, बल्कि यह भरोसा भी कि समाज उनके साथ खड़ा है।
