यमुना प्राधिकरण की 86वीं बोर्ड बैठक: स्मार्ट विलेज से लेकर लॉजिस्टिक हब तक लिए गए बड़े फैसले
ग्रेटर नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण की 86वीं बोर्ड बैठक शनिवार को प्राधिकरण सभागार में अध्यक्ष आलोक कुमार (अपर मुख्य सचिव, औद्योगिक विकास विभाग) की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। बैठक में मुख्य कार्यपालक अधिकारी राकेश कुमार सिंह ने विभिन्न विभागों से जुड़े एजेंडा बिंदु प्रस्तुत किए। बोर्ड में कई अहम फैसले लिए गए, जिनका असर आने वाले वर्षों में क्षेत्र के विकास पर साफ दिखेगा।
बैठक में लिए गए प्रमुख निर्णय इस प्रकार हैं –
राजस्व और व्यय – वित्तीय वर्ष 2025-26 में 31 अगस्त तक प्राधिकरण की कुल प्राप्तियां ₹1314.10 करोड़ रहीं, जबकि कुल भुगतान ₹2063.41 करोड़ का किया गया।
किसानों को प्रतिकर – भूमि अधिग्रहण प्रभावित काश्तकारों को अब तक ₹2835.03 करोड़ का 64.7% अतिरिक्त प्रतिकर (नो लिटिगेशन इंसेंटिव) दिया जा चुका है।
7% आबादी भूखंड योजना – 29 ग्रामों के पात्र किसानों को अब तक 6260 आरक्षण पत्र निर्गत, जिनमें से 4171 भूखंड आवंटित किए जा चुके हैं।
स्मार्ट विलेज योजना – मास्टर प्लान 2041 के अंतर्गत 29 गांवों को स्मार्ट विलेज के रूप में विकसित किया जा रहा है। 9 गांवों में काम पूरा, 10 में कार्य प्रगति पर और 10 में कार्य प्रस्तावित। दिसंबर 2026 तक 125 करोड़ की लागत से सभी कार्य पूरे होंगे।
गौशाला सुविधा – आगरा में धीरऊ गौशाला तक 2.2 किमी लंबा पहुंच मार्ग बनाया जाएगा, जिस पर ₹2.15 करोड़ खर्च होंगे।
प्राधिकरण कार्यालय भवन – सेक्टर-18 में 27,800 वर्गमीटर में थीम आधारित, ग्रीन बिल्डिंग व भूकंपरोधी कार्यालय भवन बनाने की डिज़ाइन मंजूर।
लॉजिस्टिक व वेयरहाउसिंग हब – नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास सेक्टर-8F में लॉजिस्टिक हब विकसित होगा, जिसके लिए अध्ययन परामर्शदाता संस्था से कराया जाएगा।
भवन सुरक्षा नीति – ग्रुप हाउसिंग व व्यावसायिक भवनों के लिए स्ट्रक्चरल ऑडिट पॉलिसी लागू करने का निर्णय। IIT/NIT जैसे संस्थानों के विशेषज्ञ पैनल में शामिल होंगे।
हाथरस में अर्बन सेंटर – फेज-2 क्षेत्र में अर्बन सेंटर विकसित करने का फैसला, ई-टेंडर प्रक्रिया शुरू।
आगरा अर्बन सेंटर मास्टर प्लान 2041 – 14,480 हेक्टेयर भूमि पर 16.5 लाख जनसंख्या को ध्यान में रखकर योजना तैयार। 75 हेक्टेयर सोलर पार्क, जल संरक्षण, मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब और सामाजिक ढांचा शामिल।
एपैरल एक्सपोर्ट क्लस्टर (NEC) प्रगति – 81 भूखंड आवंटित, 61 लीज डीड निष्पादित, 7 आवंटियों ने निर्माण कार्य शुरू किया।
मेडिकल डिवाइस पार्क प्रगति – 89 भूखंड आवंटन, जिनमें से 8 आवंटियों ने निर्माण कार्य शुरू किया।
स्टॉल्ड रियल एस्टेट प्रोजेक्ट्स – 11 बिल्डरों के बकाए की गणना कर 25% नेट ड्यूज की वसूली की गई।


यह बोर्ड बैठक किसानों, उद्योगों और शहरी विकास से जुड़े बड़े फैसलों का रोडमैप साबित होगी।
